गणेश श्लोक
वक्रतुण्डाय मंत्र
वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ
निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा ॥
श्लोक खोजें
देवता, उद्देश्य और परंपरा के अनुसार व्यवस्थित श्लोकों को जानें
वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ
निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा ॥
देवता, उद्देश्य और परंपरा के अनुसार व्यवस्थित श्लोकों को जानें